Share Market: कल एक झटके में डूब गए निवेशकों 3 लाख करोड़

जब से Sony Liv पर 'Scam 1992' नाम की वेब सीरीज आयी हैं, तब से ही लोगों के मन में शेयर मार्किट को लेकर बहुत ज्यादा उत्साह जाग उठा हैं. जबकि शेयर बाजार लोगों के उत्साह को कैसे ध्वस्त करता हैं यह कल देखने को मिला जब पिछले 10 दिनों की बढ़त मात्र एक दिन में गिर गई. जिसके साथ ही निवेशकों के लगभग 3 लाख करोड़ रूपए स्वाहा हो गए. कल सेंसेक्स 1066 अंक यानी 2.61% लुढ़क कर 39,728.41 अंक पर जाकर बंद हुआ. वहीं निफ्टी भी 290.70 अंक या 2.43% गिरकर 11,680.35 अंक पर बंद हुआ है. इस तरह से मार्किट गिरने की कई वजहें सामने आयी हैं, सबसे पहले अमेरिका के ट्रेजरी सेक्रेटरी ने अब यह साफ़ कह दिया है की अमेरिका में होने वाले चुनावों से पहले किसी तरह का राहत पैकेज जारी करना अभी मुमकिन नहीं हैं. इसके इलावा यूरोप में लॉकडाउन 2.0 जारी करने की ख़बरों की वजह से भी मार्किट में मंदी का माहौल बन गया. ऐसे में एक और झटका IMF की तरफ से निवेशकों को मिला क्यूंकि IMF ने एक रिपोर्ट जारी करते हुए कहा है की इस साल भारत की GDP बाकी देशों के मुकाबले ज्यादा बुरे दौर से गुजरने वाली हैं. इन सब ख़बरों के बाद कल Weekly Expiry का भी दिन था और इस दिन निवेशक मुनाफा वसूली करते हैं. विश्व बैंक के अध्यक्ष डेविड मालपास ने 1930 वाली मंदी को याद करते हुए कहा है की दुनिया वापिस उस दौर की मंदी को महसूस करने वाली हैं. लेकिन इस बार इसका सबसे ज्यादा बुरा प्रभाव गरीब और विकासशील देशों में देखने को मिलेगा. इस बयान ने निवेशकों के मन में कहीं न कहीं डर का माहौल बना दिया जिस वजह से मार्किट में बहुत भारी गिरावट देखने को मिली. आपको बताना चाहेंगे की BSE Listed सभी कंपनियों का Market Cap बुधवार को 1,60,56,605.84 करोड़ था जो की गुरुवार को गिरकर 1,57,65,742.89 करोड़ रुपये रह गया. ऐसे में एशियन पेंट को छोड़कर बाकी सभी 29 कंपनीज आपको लाल निशान के साथ घाटे में नज़र आ रही होंगी.
 

Share Market: कल एक झटके में डूब गए निवेशकों 3 लाख करोड़

जब से Sony Liv पर 'Scam 1992' नाम की वेब सीरीज आयी हैं, तब से ही लोगों के मन में शेयर मार्किट को लेकर बहुत ज्यादा उत्साह जाग उठा हैं. जबकि शेयर बाजार लोगों के उत्साह को कैसे ध्वस्त करता हैं यह कल देखने को मिला जब पिछले 10 दिनों की बढ़त मात्र एक दिन में गिर गई. जिसके साथ ही निवेशकों के लगभग 3 लाख करोड़ रूपए स्वाहा हो गए. कल सेंसेक्‍स 1066 अंक यानी 2.61% लुढ़क कर 39,728.41 अंक पर जाकर बंद हुआ. वहीं न‍िफ्टी भी 290.70 अंक या 2.43% गिरकर 11,680.35 अंक पर बंद हुआ है. इस तरह से मार्किट गिरने की कई वजहें सामने आयी हैं, सबसे पहले अमेरिका के ट्रेजरी सेक्रेटरी ने अब यह साफ़ कह दिया है की अमेरिका में होने वाले चुनावों से पहले किसी तरह का राहत पैकेज जारी करना अभी मुमकिन नहीं हैं. Share Market: कल एक झटके में डूब गए निवेशकों 3 लाख करोड़ इसके इलावा यूरोप में लॉकडाउन 2.0 जारी करने की ख़बरों की वजह से भी मार्किट में मंदी का माहौल बन गया. ऐसे में एक और झटका IMF की तरफ से निवेशकों को मिला क्यूंकि IMF ने एक रिपोर्ट जारी करते हुए कहा है की इस साल भारत की GDP बाकी देशों के मुकाबले ज्यादा बुरे दौर से गुजरने वाली हैं. इन सब ख़बरों के बाद कल Weekly Expiry का भी दिन था और इस दिन निवेशक मुनाफा वसूली करते हैं. विश्व बैंक के अध्यक्ष डेविड मालपास ने 1930 वाली मंदी को याद करते हुए कहा है की दुनिया वापिस उस दौर की मंदी को महसूस करने वाली हैं. लेकिन इस बार इसका सबसे ज्यादा बुरा प्रभाव गरीब और विकासशील देशों में देखने को मिलेगा. इस बयान ने निवेशकों के मन में कहीं न कहीं डर का माहौल बना दिया जिस वजह से मार्किट में बहुत भारी गिरावट देखने को मिली. आपको बताना चाहेंगे की BSE Listed सभी कंपनियों का Market Cap बुधवार को 1,60,56,605.84 करोड़ था जो की गुरुवार को गिरकर 1,57,65,742.89 करोड़ रुपये रह गया. ऐसे में एशियन पेंट को छोड़कर बाकी सभी 29 कंपनीज आपको लाल निशान के साथ घाटे में नज़र आ रही होंगी.