इसलिए मनोज तिवारी ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल को बताया नमक हराम

जब से दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने सार्वजिनक रूप से छठ पूजा पर बंदिश लगाई हैं, तब से ही यह बाकी राजनैतिक पार्टियों के लिए अपनी राजनीती चमकाने का अवसर बन गया हैं. ऐसे में बीजेपी के कई नेताओं ने आम आदमी पार्टी के खिलाफ सोशल मीडिया और मीडिया में मोर्चा खोल दिया हैं. इस दौरान बीजेपी सांसद और दिल्ली बीजेपी के पूर्व अध्यक्ष मनोज तिवारी ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को नमक हराम तक कह डाला. इसके इलावा उत्तरी दिल्ली के महापौर जय प्रकाश ने कहा की, "मैं मुख्यमंत्री औऱ उप-राज्यपाल को पत्र लिखकर फैसले पर पुनर्विचार की अपील करूंगा." इससे पहले बीजेपी के पूर्वांचल प्रकोष्ठ के कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री केजरीवाल के घर के बाहर छठ पूजा पर बंदिश हटाए जाने की मांग रखते हुए धरना प्रदर्शन भी किया था. इसके बाद मनोज तिवारी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट ट्विटर पर एक पोस्ट डालते हुए लिखा की, "कमाल के नमक हराम मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल हैं. कोविड के सोशल डिस्टेंसिंग नियमों का पालन कर आप छठ नहीं करने देंगे और गाइडलाइंस सेंटर से मांगने का झूठा ड्रामा अपने लोगों से करवाते हैं, तो बताए ये 24 घंटे शराब परोसने के लिए परमिशन कौन सी गाइडलाइंस को फॉलो करके ली थी, बोलो CM." आपको बता दें की दिल्ली में कुल मिलाकर लगभग 1200 छठ पूजा घाट बनाये हुए हैं. जैसे ही दिल्ली में दुबारा महामारी फैलनी शुरू हुई दिल्ली की सरकार ने सभी नदी के तटों, मंदिरों, घाटों और अन्य सार्वजनिक स्थानों जैसे छठ पूजा के सामुदायिक समारोहों पर प्रतिबंध पूरी तरह से लगा दिया. इसके साथ ही आम आदमी पार्टी के अध्यक्ष अरविन्द केजरीवाल ने दिल्ली के सभी अधिकारियों को आदेशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने का आदेश जारी कर दिया हैं. छठ पूजा पर लगी पाबन्दी के बाद भारतीय जनता पार्टी और दिल्ली की सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी के बीच राजनीतिक बहस छिड़ चुकी हैं. बीजेपी, अरविन्द केजरीवाल पर हिन्दू विरोधी होने का आरोप मढ़ रही हैं, दरअसल दिवाली पर भी केजरीवाल ने प्रदुषण का हवाला देते हुए पटाखे न चलाने की सलाह दे डाली थी.
 

इसलिए मनोज तिवारी ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल को बताया नमक हराम

जब से दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने सार्वजिनक रूप से छठ पूजा पर बंदिश लगाई हैं, तब से ही यह बाकी राजनैतिक पार्टियों के लिए अपनी राजनीती चमकाने का अवसर बन गया हैं. ऐसे में बीजेपी के कई नेताओं ने आम आदमी पार्टी के खिलाफ सोशल मीडिया और मीडिया में मोर्चा खोल दिया हैं. इसलिए मनोज तिवारी ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल को बताया नमक हराम इस दौरान बीजेपी सांसद और दिल्ली बीजेपी के पूर्व अध्यक्ष मनोज तिवारी ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को नमक हराम तक कह डाला. इसके इलावा उत्तरी दिल्ली के महापौर जय प्रकाश ने कहा की, "मैं मुख्यमंत्री औऱ उप-राज्यपाल को पत्र लिखकर फैसले पर पुनर्विचार की अपील करूंगा." इससे पहले बीजेपी के पूर्वांचल प्रकोष्ठ के कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री केजरीवाल के घर के बाहर छठ पूजा पर बंदिश हटाए जाने की मांग रखते हुए धरना प्रदर्शन भी किया था. इसके बाद मनोज तिवारी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट ट्विटर पर एक पोस्ट डालते हुए लिखा की, "कमाल के नमक हराम मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल हैं. कोविड के सोशल डिस्टेंसिंग नियमों का पालन कर आप छठ नहीं करने देंगे और गाइडलाइंस सेंटर से मांगने का झूठा ड्रामा अपने लोगों से करवाते हैं, तो बताए ये 24 घंटे शराब परोसने के लिए परमिशन कौन सी गाइडलाइंस को फॉलो करके ली थी, बोलो CM." आपको बता दें की दिल्ली में कुल मिलाकर लगभग 1200 छठ पूजा घाट बनाये हुए हैं. जैसे ही दिल्ली में दुबारा महामारी फैलनी शुरू हुई दिल्ली की सरकार ने सभी नदी के तटों, मंदिरों, घाटों और अन्य सार्वजनिक स्थानों जैसे छठ पूजा के सामुदायिक समारोहों पर प्रतिबंध पूरी तरह से लगा दिया. इसलिए मनोज तिवारी ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल को बताया नमक हराम इसके साथ ही आम आदमी पार्टी के अध्यक्ष अरविन्द केजरीवाल ने दिल्ली के सभी अधिकारियों को आदेशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने का आदेश जारी कर दिया हैं. छठ पूजा पर लगी पाबन्दी के बाद भारतीय जनता पार्टी और दिल्ली की सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी के बीच राजनीतिक बहस छिड़ चुकी हैं. बीजेपी, अरविन्द केजरीवाल पर हिन्दू विरोधी होने का आरोप मढ़ रही हैं, दरअसल दिवाली पर भी केजरीवाल ने प्रदुषण का हवाला देते हुए पटाखे न चलाने की सलाह दे डाली थी.